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"संतुलन" "संतुलन"

एक जीवन से दूसरा जीवन संतुलन बनाने के लिए बहुत कुछ इधर उधर होता है ठीक उसी तरह - जैसे किसी के आने पर कमरे की साज सज्जा बदलती है पर .... स...

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10:11 AM

बचपन का ज़माना बचपन का ज़माना

बचपन ... सुनते कागज की नाव में सारी शैतानियाँ , नादानियां बैठ जाती हैं शरारतों के चप्पू छप छप पानी उछालते हैं सारी दुनिया मुट्ठी में परियां...

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11:00 AM
 
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