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ग़ज़ल - प्राण शर्मा ग़ज़ल - प्राण शर्मा

शरीफों के तरह ही घर में आना सीख जाएगा  लगेगी चोट जब वो घर चलाना सीख जाएगा  कोई आता नहीं है सीख कर हर बात ऊपर से  अभी बच्चा है व...

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11:33 AM

प्राण शर्मा की  लघु कथा : उधार की महिमा प्राण शर्मा की लघु कथा : उधार की महिमा

लघु कथा  उधार की महिमा  चित्र : गूगल से साभार  मेरा एक मित्र है - सुमीत . दस और बारह साल के दो बेटे हैं उसके . माँ - बाप अभी ज...

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1:11 PM

ग़ज़ल - प्राण शर्मा ग़ज़ल - प्राण शर्मा

बातों में कुछ ऐसे बोल सुना जाते हैं  मीत अपने ही मनमें आग लगा जाते हैं  चिंगारी फूटे न कभी ये नामुमकिन है  दो पत्थर आपस में जब ...

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11:56 AM

और खाने की गुंजाइश नहीं रही और खाने की गुंजाइश नहीं रही

लघु कथा  " भाई , कभी हमारी घर भी आओ न ? " आनंद ने कहा . " कहो , कब आऊँ ? पुरुषोत्तम ने पूछा .  " कल ही आ जाओ ...

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10:39 AM

दो ग़ज़लें - प्राण शर्मा दो ग़ज़लें - प्राण शर्मा

(एक)   केवल फूल भला लगता है तेरा धोखा है प्यारे   एक तराशा पत्थर भी तो सुन्दर होता है प्यारे   ये इक बार उतर जाये तो लोगों का उ...

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11:51 AM
 
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